हैदराबाद: रियल्टी सेक्टर की बात करें तो श्री सी शेखर रेड्डी (C Shekar Reddy) बड़ा नाम हैं। श्री रेड्डी CREDAI के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष रह चुके हैं। सीएसआर इस्टेट्स लिमिटेड के सीएमडी होने के साथ ही सीआईआई- इंडियन ग्रीन बिल्डिंग काउंसिल के चेयरमैन की जिम्मेदारी भी संभाले हुए हैं। श्री शेखर रेड्डी ने दुनिया के कई हिस्सों में घूमा है और हाल ही में London’s built environment community (NLA) के स्थाई एक्जिविशन हॉल में उन्होंने लंदन शहर का मॉडल देखा तो दंग रह गए। इस मॉडल को 1:2000 के स्केल पर तैयार किया गया है, जो 12.5 मीटर लंबा है। इसमें 34 किलोमीटर टेम्स नदी (Thames river) को बारीकी से दर्शाया गया है। शहर में बने 21 ब्रिजेज को भी मॉडल में बखूबी उकेरा गया है।

लंदन में यह स्थाई प्रदर्शनी पूरी तरह नि:शुल्क है साथ ही मंगलवार से शनिवार दिन के 11 बजे शाम 5 बजे तक (लंदन समय के मुताबिक) कोई भी यहां जाकर लंदन की रूपरेखा समझ सकता है। अपने लंदन प्रवास के दौरान सी शेखर रेड्डी का यहां आना ने उन्हें कौतूहल से भर दिया। लंदन चुनिंदा पुराने शहरों में एक है जिसे व्यवस्थित तरीके से बनाया और बसाया गया है।

हैदराबाद से लंदन मॉडल की तुलना
उत्साही इंजीनियर, कॉर्पोरेट लीडर और रियल्टी एक्सपर्ट के नाते शेखर रेड्डी लंदन के मॉडल की तुलना हैदराबाद से करने लगे। क्या वाकई हैदराबाद को लंदन की तर्ज पर संवारा जा सकता है? ये सवाल उनके मन में कौंधता रहा। शेखर रेड्डी के मुताबिक NLA- लंदन मॉडल की तर्ज पर हैदराबाद सहित हर महानगर का मॉडल बनाया जाना चाहिए। शहर को व्यवस्थित करने के लिए सरकारी उपक्रमों की जितनी भागीदारी है उतनी ही तरजीह निजी भागीदारी को भी दी जानी चाहिए। खासकर थंक टैंक संगठनों की सहभागिता से शहर को पर्यावरण के अनुकूल, व्यस्थित और उन्नत बनाया जा सकता है।

Poultary

एनएलए लंदन में ही इस अद्भुत एक्जिविशन मॉडल आर्किटेक्चर के को फाउंडर पीटर मुरे (Peter Murray) से शेखर रेड्डी ने मुलाकात की। एक्जिविशन हॉल में एक छत के नीचे आप शहर के चप्पे चप्पे का दीदार मॉडल के तौर पर कर सकते हैं। नदी, ब्रिज, प्रमुख ईमारतें कौन कहां स्थित है इसकी जानकारी ले सकते हैं। एक इंजीनियर और रियल्टी बिजनेसमैन के लिए ये सब देखना किसी कौतूहल से कम नहीं था। श्री सी शेखर रेड्डी के Linkedin प्रोफाइल को देखें तो उनकी भारतीय शहरों के बदलाव को लेकर मंशा समझ में आती है। शेखर रेड्डी भारतीय शहरों के पर्यावरण के अनुरूप विकसित देखना चाहते हैं। CREDAI के राष्ट्रीय अध्यक्ष के नाते उन्होंने समय समय पर विभिन्न सरकारों को इस आशय का सुझाव भी दिया। सेक्टर रिफॉर्म्स के लिए शेखर रेड्डी के समर्पण की आज भी तारीफ की जाती है। खासकर पर्यावरण संबंधी मुद्दों पर उन्होंने कभी समझौता नहीं किया। उपभोक्ताओं की मांगों पर उन्होंने हमेशा गौर किया ताकि लोगों के लिए अफोर्डेबल हाउसिंग का सपना साकार हो सके।

क्या हैदराबाद को लंदन की तर्ज पर संवारा जा सकता है?
लंदन मॉडल के दीदार के बाद आपके मन में भी सवाल उठेगा कि क्या हैदराबाद महानगर को लंदन की तर्ज पर व्यवस्थित किया जा सकता है? ऐसा तभी संभव है जब सरकार निजी सहभागिता के साथ लंबी अवधी के लिए योजना तैयार करे और उसे पूरी ईमानदारी के साथ कार्यांवित भी करे। आपको जानकर हैरानी होगी कि London Infrastructure Plan 2050 बनकर तैयार है और उसे साल 2004 में ही जारी किया जा चुका है। पुख्ता इंफ्रास्ट्रक्चर पॉलिसी के साथ समय समय पर आधुनिक जरूरतों के हिसाब से प्लान में बदलाव भी किए जा रहे हैं। योजना के मुताबिक निवेश भी खुलकर किया जा रहा है। अगर हैदराबाद जैसे तेजी से बढ़ती आबादी वाले महानगर का विकास करना है तो एक पुख्ता योजना की दरकार होगी।

सी शेखर रेड्डी का परिचय
संयुक्त आंध्र प्रदेश के जमाने में लगभग दो दशक से सी शेखर रेड्डी रियल्टी सेक्टर में सक्रिय हैं। महासचिव के तौर पर उन्होंने एपी बिल्डर्स एसोसिएशन में उन्होंने अहम भूमिका निभाई। इसके बाद आंध्र प्रदेश में उन्होंने बिल्डर्स फोरम की स्थापना की, ये फोरम खासकर हैदराबाद के विकास में महत्वपूर्ण भागीदार रहा। शेखर रेड्डी ने विभिन्न सरकारों को नीतियां बनाने में भी सहयोग दिया।

* Immediate Past President, CREDAI National
* Founder President, CREDAI Andhra Pradesh
* Former Director – National Skill Development Corporation (NSDC)
* Governing Board Member, National Academy of Construction (NAC)
* Founder Governing Board Member Construction Skill Development Council (CSDC)
* Founder Governing Board Member Indian Plumbing Skills Council (IPSC)
* Chairman, Indian Green Building Council, Hyderabad Chapter

  • विजय कुमार
Bharati Cement